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माननीय श्रीमती निर्मला सीतारमण वित्त मंत्री भारत सरकार के कार्यालय नई दिल्ली 21 जून 2024 को नवीन प्रस्तावित बजट के संबंध में एक मीटिंग आयोजित की जिसमें निम्न प्रस्ताव संगठन की तरफ से सुरेश अग्रवाल ने सुझाव और प्रस्ताव सरकार को रखे गए हैं

1. भारत में सभी लघु उद्योग S M S E उद्योग के इंडस्टरीजों को 45 दिन तक अपनी फैक्ट्री के कारखाने के उत्पादन का विक्रय का पैसा प्राप्त होना अनिवार्य है इस नियम को समाप्त करने का सुझाव दिया देश में ग्रामीण क्षेत्रों में शहरी क्षेत्र में अर्धसैनिक क्षेत्र में समय पर पैसा प्राप्त नहीं होता है अतः इस प्रस्ताव को भारत सरकार निरस्त करें।

2. दाल इंडस्ट्रीज द्वारा देश के बाहर से दाल साफ करने के लिए कलर शॉर्टेज मशीन का आयात किया जाता है जिस पर आयात कर भारत सरकार द्वारा लगाया जाता है तथा भारत में आयात करने पर 18% जीएसटी लगाया जाता है अतः अनुरोध है की बेस्ट क्वालिटी के दाल बनाने के लिए उपयोग आने वाली कलर शॉर्टेज मशीन से आयात कर और जीएसटी समाप्त करें।

3. भारत में बड़ी-बड़ी कंपनियों को इनकम टैक्स से राहत प्रदान की है कंपनी पर वर्तमान में 5% आयकर छूट दी जाती है कंपनियों को 30 के स्थान पर 25 पर्सेंट टैक्स लगता है और आगे भी राहत देने का आपका निर्णय हैआयकर नियम में संशोधन परिवर्तन करते हुए वर्तमान में दाल इंडस्ट्री ,,,आम उपभोक्ता सभी पर आयकर की टैक्स ढारे कम करें लघु उद्योग को 20% में रखें और देश में आयकर दाता की संख्या बढ़ाने के लिए इनकम टैक्स की दरों में कमी करने का प्रस्ताव सुझाव दिया है।

4. भारत के अलग-अलग राज्यों में मंडी टैक्स अलग-अलग है दिल्ली में नहीं है पटना में नहीं है किंतु महाराष्ट्र में गुजरात में कम मंडी शुल्क है राजस्थान मध्य प्रदेश में अधिक है उत्तर प्रदेश में है अतः संपूर्ण भारत के अलग-अलग राज्यों की दरे को एक करते हुए 50 पैसे टैक्स एक समान करने का निर्णय करना चाहिए ताकि अलग-अलग राज्यों की अलग-अलग टैक्स नीति में संशोधन परिवर्तन करें
मंडी टैक्स एक समान है।

5. राष्ट्रीयकृत बैंक प्राइवेट बैंक सभी में ब्याज दरें तथा खर्च अधिक है छोटे इंडस्ट्रीज को ब्याज दर कम होने चाहिए सभी बैंकों को उद्योग के लिए अलग नजरिए से अलग ब्याज दर इंडस्ट्रीज को आगे बढ़ाने में सहयोग प्रदान करें कम से कम ब्याज दर 6% रहे और और खर्च भी कम हो ताकि यह उद्योग निरंतर आगे प्रगति कर रखें निरंतर प्रगति कर रोजगार उपलब्ध करा सके

6. इंडस्ट्रीज की पुरानी टेक्नोलॉजी मशीनों को अपडेट करने के लिए नवीन टेक्नोलॉजी लगाने के लिए प्रस्ताव होना चाहिए ताकि इंडस्ट्रीज को नवीन टेक्नोलॉजी में परिवर्तन कर सके पुराने इंडस्ट्रीज में नए उपकरण लग सके इसके लिए सब्सिडी का प्रावधान होना चाहिए तथा जीएसटी की दर से इस पॉलिसी को मुक्त रखना चाहिए इस परिस्थिति में प्रस्ताव पॉलिसी बनने पर बैंक लोन दे सकती है।

7. अलग-अलग राज्य सरकार विद्युत वितरण कंपनियां ट्रांसफार्मर खर्च लाइन खर्च मैं लाइन 11। kv नवीन लाइन एवं 33 पावर की बड़ी लाइन बिजली की इलेक्ट्रिक लाइनपर समस्त खर्च इंडस्ट्रीज पर लगता है सिस्टम समस्त उपकरण समस्त ट्रांसफार्मर इंडस्ट्री लगती है किंतु अंत में वह विद्युत वितरण कंपनी की माल की हक की संपत्ति हो जाती है ऐसे प्रावधान में संशोधन परिवर्तन करें नवीन इंडस्ट्री 33 ग्रिड पर काम से कम 30 लख रुपए का खर्च आता है जिस पर पॉलिसी बनाकर समस्त उपकरण का मालिक उद्योगपति लगाने वाला ही होना चाहिए इस पर राज्यों से बात करें और निर्णय करें।

8. संपूर्ण भारत से भारत सरकार द्वारा 14 संगठनों को आमंत्रित किया था जिसमें बाकी अन्य संगठन ने इंडस्ट्रीज के हित में बजट के हित में अनेक सुझाव प्रस्ताव प्रस्तुत किया संस्था की ओर से अध्यक्ष सुरेश अग्रवाल एवं अकोला से कार्यकारिणी सदस्य रूपेश राठी मौजूद थे।

All India Dal Mill Association and GrainEx successfully organised an exhibition

All India Dal Mill Association and GrainEx successfully organised an exhibition on 10th, 11th and 12th February 2017 at Labh Ganga Convention Center, Indore. Machines and their parts related to dal mill industry were showcased in the event. Companies from Turkey, South Africa, Kenya, China, etc displayed their products there. More than 10000 delegates from all over the India visited. They were made aware of the new innovations and technological upgradation in the industry. The exhibition was inaugurated by Mr. Sanjay Joshi, past RSS national secretary.
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Inauguration of the 3-day exhibition of pulses and grain machinery

सादर – प्रकाशनार्थ
दाल एवं अनाज मशीनरी की 3 दिवसीय एक्जीबिशन का शुभारंभ महामहिम राज्यपाल के कर कमलों से सम्पन्न

ऑल इण्डिया दाल मिल एसोसिएशन के तत्वाधान में दाल एवं अनाज की नई-नई टेक्नालॉजी की आधुनिक मशीनरी की 3 दिवसीय एक्जीबिशन का शुभारंभ मध्यप्रदेश के राज्यपाल महामहिम श्री मंगुभाई पटेलजी के कर कमलों से लाभ- गंगा कन्वेंशन सेन्टर, बायपास रोड़, इन्दौर पर सम्पन्न हुआ।
यह जानकारी देते हुए ऑल इण्डिया दाल मिल एसोसिएशन के प्रबंध संचालक एवं अध्यक्ष श्री सुरेश अग्रवाल एवं उपाध्यक्ष श्री अनिल सुरेका ने अपनी प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि दाल एवं अनाज की नई-नई टेक्नालॉजी की आधुनिक मशीनरी की 3 दिवसीय प्रदर्शनी इन्दौर में रखी गई है। जिसका शुभारंभ मध्यप्रदेश के महामहिम राज्यपाल के मुख्य आतिथ्य में सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर मध्यप्रदेश शासन के जल संसाधन मंत्री माननीय श्री तुलसी सिलावट इन्दौर के सांसद श्री शंकर लालवानी भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व सांसद माननीय श्री कृष्णमुरारी मोघे, विधायक श्री महेंद्र हार्डिया और भारतीय जनता पार्टी के इन्दौर नगर अध्यक्ष श्री गौरव रणदिवे भी विशेष रूप से उपस्थित हुए। प्रारंभ में मुख्य अतिथि महामहिम राज्यपाल महोदय का स्वागत संस्था के अध्यक्ष श्री सुरेश अग्रवाल एवं श्री मुन्नालाल बंसल (सचिव दाल मिल एसोसिएशन) ने पुष्पगुच्छ से किया। इसके बाद विशेष अतिथि श्री तुलसी सिलावट, श्री शंकर लालवानी, श्री कृष्णमुरारी मोघे, श्री महेंद्र हार्डिया और श्री गौरव रणदिवे का स्वागत पुष्पगुच्छ से किया ।

इस वर्ष देश की दाल मिलों एवं संस्था सदस्य द्वारा अच्छे प्रदर्शन के लिए महाराष्ट्र गुजरात राजस्थान और मध्यप्रदेश के दाल मिल व्यापारियों को महामहिम राज्यपाल महोदय द्वारा वर्ष 2021-22 का व्यापार प्रोत्साहन पुरस्कार प्रदान किया गया। जिनमें महाराष्ट्र (अकोला) के दाल मिलर्स श्री बालाजी तिरुपति पल्सेस, गुजरात (दाहोद) के अमन एग्रो इंडस्ट्रीज़, राजस्थान (बीकानेर) के पंकज इन्टरप्राइसेस एवं मोहन उद्योग और मध्यप्रदेश (इंदौर) के जवाहरलाल एंड संस और विजय पल्सेस दाल मिल व्यापारियों को व्यापार प्रोत्साहन पुरस्कार से सम्मानित किया गया। एक्जीबिशन के सम्बन्ध में जानकारी देते हुए पदाधिकारियों ने बताया कि इस एक्जीबिशन में चीन, स्पेन, टर्की सहित अन्य देशों की अनेक कम्पनियों के साथ भारत की चेन्नई, बेंगलुरू, अहमदाबाद, राजकोट, सोनीपत, फरीदाबाद, दिल्ली सहित अनेक शहरों की खाद्य प्रसंस्करण उद्योग की मशीनरी निर्माता कम्पनियां अपने -अपने नई मशीनों (उत्पादों ) का साक्षात प्रदर्शन (LIVE DEMO) किया जा रहा है, जिससे व्यापारियों को मशीनों को ऑपरेट करने में सुविधा होगी।

तीन दिवसीय इस एक्जीबिशन में देश भर से मध्यप्रदेश सहित छत्तीसगढ़, गुजरात महाराष्ट्र, उत्तरप्रदेश, बिहार, झारखण्ड, पंजाब, हरियाणा, आन्ध्रप्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल सहित अन्य राज्यों से दाल मिल व्यापारी एवं अनाज व्यापारीयो ने बड़ी संख्या में भाग लिया है। एक्जीबिशन में भारत तथा विदेशों से लगभग 100 से अधिक मशीनरी निर्माता कम्पनियो ने अपनी-अपनी मशीनों की जानकारी प्रस्तुत की।

• 12 दाल मिलिंग Turnkey Plant बनाने वाली कम्पनियां भाग ले रही है।
• 12 से अधिक कलर सॉटर्स बनाने वाली कम्पनियां बढ़-चढ़ कर भाग ले रही है।
• पैकेजिंग की समस्याओं के समाधान के लिए 9 कम्पनियां करेंगी आधुनिक मशीने लॉन्च।
• 15 क्लीनर ग्रेडर की स्टोनर व एलीवेटर बनाने वाली कम्पनियां भी भाग ले रही है। • सीड्स प्रोसेसिंग की 14 कम्पनियां भी भाग रही है।
• ग्रेन की क्वालिटी जांच हेतु 4 लैब इक्यूपमेंट कम्पनियां भी भाग ले रही है।
• ड्रायर्स की भी महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। मिलिंग इंण्डस्ट्री में रहेगी कम्पनियां मौजूद प्री इंजीनियरिंग बिल्डिंग्स बनाने वाली कम्पनियां भी बढ़-चढ़ कर हिस्सा ले रही है।
• 7 ग्रेवटी सेपरेटर बनाने वाली कम्पनियां भी भाग ले रही है।
• भण्डारण की समस्याओं के समाधान हेतु 6 साइलो (Silos) कम्पनियां भी भाग ले रही है।
• मैग्नेटस बनाने वाली कम्पनियां भी भाग ले रही है।
• 5 गियर बॉक्स मैन्युफैक्चरर्स कम्पनियां बताएंगी नई तकनीक के बारे में ।
• 4 से अधिक इलेक्ट्रिक पैनल बनाने वाली कम्पनियां भाग ले रही है।
• Spices मिलिंग / Turnkey Plant बनाने वाली कम्पनियां भाग ले रही है।
• मिलिंग प्लांट्स लगाने वाली कम्पनियां बताएंगी उत्पादन बढ़ाने के नए तरीके । • एयर कम्प्रेशर बनाने वाली 7 कम्पनियां एक्सपो के दौरान देंगी।
• लाइव डेमो । पीनट मिलिंग / Turnkey Plant कम्पनियां भी भाग ले रही है।

तीन दिवसीय इस एक्जीबिशन में विभिन्न दाल मिलर्स, फ्लोअर मिल एवं अन्य खाद्य प्रसंस्करणकर्ता व्यापारी सुबह 09:30 बजे से सायंकाल 6:00 तक आकर लाभ उठा सकते हैं।

Conference On latest Machinery & Technology

All India Dal Mill Association had recently organized a conference on latest machinery and technology available in the industry in partnership with BUHLER in Indore, MP on 09/09/16. The event took place in Hotel Radisson Blu, Indore. All India Sales Manager, Mr. Ashish Kale and Marketing Manager, Mr. Vikas Ujjwal from Pune made it to the meet and briefed everyone. Millers from all over India attended the conference and gained various insights on innovations and modern technology.

संस्था द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हे की देश के बाहर दालों का निर्यात शुरू हो इस सम्बन्ध में माननीय मंत्री....

संस्था द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हे की देश के बाहर दालों का निर्यात शुरू हो इस सम्बन्ध में माननीय मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमणजी से दिल्ली में 28 जून को प्रतिनिधि मंडल मिला था / प्रधानमंत्री श्री नरेंद्रजी मोदी को भी अनुरोध किया था इस सम्बन्ध प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा वाणिज्य सचिव भारत सरकार को पत्र भी भिजवाया गया हे |

सचिव
दिनेश अग्रवाल

दिल्ली में केंद्रीय कृषि मंत्री श्री राधामोहन सिंघ जी से प्रतिनिधि मण्डल मिला। मंत्री जी से अनुरोध किया की दालों का निर्यात देश के बाहर के लिए पिछले १० वर्षों से बंद है जिसको शुरू करने की आवश्यकता है। भारत में दलहन का उत्पादन बढ़ा है और भारत के बाहर के देशों में भी अच्छा उत्पादन हुआ है जिसके कारण किसानो को तुअर कम भाव में बेचनी पड़ रही है जिससे किसानो को उपज का उचित मूल्य नहीं मिल पा रहा है। दालों का निर्यात प्रारम्भ होने पर दाल मिल इंडस्ट्रीज में दाल उत्पादन भी अधिक होगा तथा देश के बाहर एक नया मार्केट डिवेलप करने मिलर्स को मौक़ा मिलेगा। अलग-अलग राज्यों में अलग-अलग मण्डी टैक्स की दरे निर्धारित है। UP और MP में अधिक मण्डी टैक्स है। महाराष्ट्र ,गुजरात और राजस्थान में मण्डी टैक्स की अलग दर है। मण्डी टैक्स को के सरलीकरण की आवश्यकता ।जिन राज्यो में मंडी टैक्स की दर ज्यादा है यहाँ पर मंदी टैक्स 0.50 पैसा करना का मांग की।मंत्रीजी ने उचित कारवाही का अश्ववाशन दिया है। आल इंडिया दाल मिल एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री सुरेश अग्रवाल जी दाल मिल प्रतिनिधि मंडल में जी श्री नागेश अग्रवाल जबलपुर एवं अनुग्रह जैन जबलपुर नागेश अग्रवाल (कार्य समिति सदस्य आल इंडिया दाल मिल )

ऑल इंडिया दाल मिल असोसीएशन के अध्यक्ष व सभी पद अधिकारी व राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य सितम्बर २०१६ से प्रयास कर रहे है की भारत सरकार फ़ूड कंट्रोल ऐक्ट (स्टॉक सीमा) को समाप्त करने के लिए सभी राज्य सरकारों को स्टॉक सीमा समाप्त करने के आदेश देवे। प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदीजी को अनेक पत्र भेजे है की देश के किसान और व्यापारी दोनो की चिंता करे। दलहन(दालें) का उत्पादन विदेश में तथा भारत में अच्छा है व दालों की क़ीमत कम है। अतः दाल दलहन पर स्टॉक सीमा समाप्त की जाए। १. जनवरी माह में खाद्य मंत्री राम विलास पासवान जी से दिल्ली में चर्चा की व बाद में भी चर्चा की स्टॉक सीमा को हटाया जाये। २. केंद्रीय कृषि मंत्री श्री राधा मोहन सिंघ जी से दो बार दिल्ली में प्रतिनिधि मंडल मिला। तथा ६/४/२०१७ को पुनः मिला और अनुरोध किया की आप स्टॉक सीमा को समाप्त करने के लिए सहयोग प्रदान करे व मंत्री मंडल की बैठक में चर्चा कर स्टॉक सीमा समाप्त करवाए। ३. २७/३/२०१७ को माननीय केंद्रीय मंत्री नितिन गड़करी जी से दिल्ली में निवेदन किया की फ़ूड कंट्रोल ऐक्ट को पहल (प्रयास) करके समाप्त करवाये तथा दालों का निर्यात देश के बाहर प्रारम्भ करवाने के लिए पहल करे। ४. संस्था द्वारा महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक, राजस्थान, छत्तीसगढ़, आदि राज्यों में मुख्य मंत्रीयो को अलग-अलग अनेक बार पत्र भेजे तथा गुजरात के मुख्य मंत्री से गाँधीनगर में चर्चा की कि राज्यों में दाल दलहन पर फ़ूड कंट्रोल ऑर्डर समाप्त किए जाये। भारत सरकार ने आदेश जारी किया है। निवेदन है आल इंडिया दाल मिल असोसीएशन के सदस्य बने। संगठन आपकी समस्या के लिए लगातार प्रयास कर रहे है। सुरेश अग्रवाल कर्नाटक सरकार ने राज्य में दलहन पर लगी स्टॉक लिमिट मात्रा को बढ़ाया है | कारोबारियों को रहत देते हुए राज्य सरकार ने रिटेल कारोबारियों के लिए स्टॉक लिमिट को दुगना करते हुए 100 क्विंटल कर दिया है जबकि थोक कारोबारियों के लिए इसे बढाकर 5000 क्विंटल कर दिया है | गौरतलब है की पहले रिटेल कारोबारियों के लिए यह 50 और थोक कारोबारियों के लिए 2000 क्विंटल का स्टॉक रखने की सिमा तय थी | ऑल इंडिया दाल मिल असोसीएशन के अध्यक्ष व सभी पद अधिकारी व राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य सितम्बर २०१६ से प्रयास कर रहे है की भारत सरकार फ़ूड कंट्रोल ऐक्ट (स्टॉक सीमा) को समाप्त करने के लिए सभी राज्य सरकारों को स्टॉक सीमा समाप्त करने के आदेश देवे। प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदीजी को अनेक पत्र भेजे है की देश के किसान और व्यापारी दोनो की चिंता करे। दलहन(दालें) का उत्पादन विदेश में तथा भारत में अच्छा है व दालों की क़ीमत कम है। अतः दाल दलहन पर स्टॉक सीमा समाप्त की जाए। १. जनवरी माह में खाद्य मंत्री राम विलास पासवान जी से दिल्ली में चर्चा की व बाद में भी चर्चा की स्टॉक सीमा को हटाया जाये। २. केंद्रीय कृषि मंत्री श्री राधा मोहन सिंघ जी से दो बार दिल्ली में प्रतिनिधि मंडल मिला। तथा ६/४/२०१७ को पुनः मिला और अनुरोध किया की आप स्टॉक सीमा को समाप्त करने के लिए सहयोग प्रदान करे व मंत्री मंडल की बैठक में चर्चा कर स्टॉक सीमा समाप्त करवाए। ३. २७/३/२०१७ को माननीय केंद्रीय मंत्री नितिन गड़करी जी से दिल्ली में निवेदन किया की फ़ूड कंट्रोल ऐक्ट को पहल (प्रयास) करके समाप्त करवाये तथा दालों का निर्यात देश के बाहर प्रारम्भ करवाने के लिए पहल करे। ४. संस्था द्वारा महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक, राजस्थान, छत्तीसगढ़, आदि राज्यों में मुख्य मंत्रीयो को अलग-अलग अनेक बार पत्र भेजे तथा गुजरात के मुख्य मंत्री से गाँधीनगर में चर्चा की कि राज्यों में दाल दलहन पर फ़ूड कंट्रोल ऑर्डर समाप्त किए जाये। भारत सरकार ने आदेश जारी किया है। निवेदन है आल इंडिया दाल मिल असोसीएशन के सदस्य बने। संगठन आपकी समस्या के लिए लगातार प्रयास कर रहे है।

८ जून को वित मंत्री अर्जुन मेगवाल से दिल्ली में मुलाक़ात की थी। निवेदन किया की ५ प्रतिशत जी॰एस॰टी॰ मार्का दालों पर से समाप्त करे। १ माह में ३ रिटर्न देने के प्रावधान को समाप्त करे। १९/६/२०१७ को अहमदाबाद में जी॰एस॰टी॰ आयुक्त अजय जैन से चर्चा हुई। प्रमोद खंडेलवाल महाराष्ट्र से गुजरात से गुजरात के दाल मिल वाले प्रतिनिधि मंडल ने चर्चा की। मध्य प्रदेश वित मंत्री से दो बार चर्चा हुई की आप दिल्ली में जी॰एस॰टी॰ समाप्त करवाने का प्रयास करे। महाराष्ट्र के वित मंत्री से महाराष्ट्र के दाल मिल व्यापारी बॉम्बे में मिले जी॰एस॰टी॰समाप्त कराने का निवेदन किया। आल इंडिया दाल मिल एसोसिएशन का प्रतिनिधिमंडल अध्यक्ष श्री सुरेश अग्रवाल के नेतृत्व में केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री माननीय श्री संतोषकुमारजी गंगवार से सुबह 9 बजे उनके नई दिल्ली स्थित निवास पर मिला! माननीय मंत्रीजी ने सुबह 10 बजे वित्त मंत्रालय नार्थ ब्लॉक नई दिल्ली में अधिकारियो के साथ चर्चा के लिए प्रतिनिधिमंडल को आमंत्रित किया ! प्रतिनिधिमंडल ने माननीय राज्यमंत्रीजी से सम्बन्धित विभागीय अधिकारियो की मौजूदगी में ब्रांडेड दालों पर 5% जी एस टी समाप्त करने का अनुरोध करते हुए जी एस टी लगने से आम उपभोक्ताओं और दाल उद्योगों पर होने वाले विपरीत प्रभाव से अवगत कराया! मंत्री महोदय ने आश्वस्त किया हे कि इस सम्बन्ध में अतिशीघ्र जी एस टी कौंसिल (समिति) की मीटिंग में विस्तारपूर्वक चर्चा कर उचित निर्णय लिए जायेंगे! प्रतिनिधिमंडल में वरिष्ठ दाल मिलर्स श्री मुन्नालाल बंसल सहित अन्य गणमान्य दाल मिलर्स बंधू सम्मिलित हुए सुरेश अग्रवाल अध्यक्ष आल इंडिया दाल मिल एसोसिएशन का प्रतिनिधिमंडल अध्यक्ष श्री सुरेश अग्रवाल के नेतृत्व में केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग राज्यमंत्री माननीया श्रीमती निर्मलाजी सीतारमण से उद्योग भवन, नई दिल्ली में मिला! प्रतिनिधिमंडल ने माननीया मंत्री महोदया से देश के बाहर शीघ्र दालों का निर्यात प्रारम्भ करने का अनुरोध किया तथा उन्हें अवगत कराया कि पिछले लगभग 10 वर्षो से देश के बाहर दालों के निर्यात पर प्रतिबन्ध लगा हुआ है, जिससे भारत का बना-बनाया दालों का एक्सपोर्ट मार्केट बंद हो गया है! भारत से एक्सपोर्ट बंद होने की वजह से दुबई, श्रीलंका, जेद्दाह और अफ्रीकन देशो में अनेक दाल मिले भारत से जाकर वहा खुल गई है, इसलिए जो एक्सपोर्ट हमारे देश से होता था वह अब दुबई, श्रीलंका, जेद्दाह एवं अफ्रीकन देशो से अन्य देशो को हो रहा है! माननीया मंत्री महोदया ने प्रतिनिधिमंडल से विस्तारपूर्वक चर्चा की एवं आश्वस्त किया हे कि सरकार देश के बाहर दालों का निर्यात प्रारम्भ करने के सम्बन्ध में गंभीरतापूर्वक विचार कर उचित निर्णय लेगी! प्रतिनिधिमंडल में श्री मुन्नालाल बंसल, श्री परेश गुप्ता और दिल्ली दाल मिल (मिलर्स) एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री राजेश अग्रवाल एवं सचिव श्री दीपक गोयल सहित अनेक गणमान्य दाल मिलर्स सम्मिलित हुए!

सुरेश अग्रवाल
अध्यक्ष

Rajpatra from Madhya Pradesh Government

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